वायरल हो रही तस्वीर में सोनिया गांधी के साथ ‘ओत्तावियो क्वात्रोची’ नहीं बल्कि राहुल गांधी हैं

सोनिया गांधी की एक पुरुष के साथ एक तस्वीर सोशल मीडिया पर शेयर की जा रही है. इसके बारे में दावा किया जा रहा है कि तस्वीर में दिख रहा शख्स ‘ओत्तावियो क्वात्रोची’ है जो सोनिया गांधी के करीबी दोस्त हैं. इस दावे में वो ग़लत दावा भी शामिल है जिसमें अक्सर गांधी परिवार के मुस्लिम होने की बात की जाती है और इसीलिए पोस्ट में राहुल गांधी को राहुल खान लिखा गया है.

बेहद स्त्री-विरोधी ऐंगल के साथ किये गए पोस्ट्स में सोनिया गांधी को ‘कैबरे डांसर’ बताया गया और दावा किया गया कि राजीव गांधी की मौत के बाद वो ओत्तावियो क्वात्रोची से 57 बार मिली थीं.

ये दावा सिर्फ़ ट्विटर ही नहीं बल्कि फ़ेसबुक पर भी वायरल है.

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ऑल्ट न्यूज़ को व्हाट्सऐप नंबर (+91 76000 11160) पर इस दावे की असलियत पता करने के लिए कई रिक्वेस्ट मिलीं.

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राहुल गांधी के साथ सोनिया गांधी की तस्वीर

एक साधारण गूगल रिवर्स इमेज सर्च इस तस्वीर की असलियत बता देता है. ऐसा करने पर हमें लेटेस्टली (Latestly) और द न्यू इंडियन एक्सप्रेस के आर्टिकल मिले जिनमें तस्वीर का क्रेडिट पीटीआई को दिया गया था. कैप्शन में लिखा है, “कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी और उनके बेटे राहुल गांधी, स्पेशल प्रोटेक्शन ग्रुप के रेज़िंग डे फ़ंक्शन में.” तस्वीर 8 अप्रैल 1996 को खींची गयी थी.

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पीटीआई के अनुसार ओत्तावियो क्वात्रोची इटली के एक बिज़नेसमैन थे और बोफ़ोर्स स्कैंडल में अहम किरदार थे. क्वात्रोची गांधी परिवार के नज़दीकी लोगों में माने जाते थे और 1999 में सीबीआई द्वारा दायर की गयी चार्ज शीट में नामजद भी थे. “4 मार्च 2011 को दिल्ली के कोर्ट ने सीबीआई को केस वापस लेने की अनुमति देते हुए क्वात्रोची को पैसों के अनाधिकृत लेन-देन के आरोपों से बरी कर दिया और इस तरह 25 वर्ष पुरानी बोफ़ोर्स गाथा पर विराम लगा.” ऐसा माना जाता है कि 1989 के चुनाव कांग्रेस के हाथ से इसी स्कैंडल के चलते फिसल गए थे.

कुल मिलाकर, सोनिया गांधी की एक पुरानी तस्वीर, जिसमें वो अपने बेटे राहुल गांधी के साथ एक फ़ंक्शन में आई हुई दिख रही हैं, सोशल मीडिया पर इस ग़लत दावे के साथ शेयर की जा रही हैं कि उनके साथ दिख रहा शख्स ओत्तावियो क्वात्रोची है. ये पहली बार नहीं है जब सोनिया गांधी को स्त्री-विरोधी ऐंगल के साथ ग़लत जानकारियों का शिकार होना पड़ा है.

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